डीडवाना-कुचामन, नगरीय निकाय आम चुनाव 2026 को लेकर जिले में चुनावी तस्वीर अब पूरी तरह साफ हो गई है। राज्य निर्वाचन आयोग के निर्देशानुसार जिले के 8 नगरीय निकायों—3 नगर परिषद एवं 5 नगरपालिकाओं—के कुल 285 वार्डों में नामांकन पत्रों की संवीक्षा और नाम वापसी की प्रक्रिया पूरी हो चुकी है। नाम वापसी के अंतिम दिन 326 उम्मीदवारों द्वारा नाम वापस लिए जाने के बाद अब कुल 1056 प्रत्याशी अंतिम रूप से चुनाव मैदान में हैं।

जिला निर्वाचन अधिकारी अवधेश मीणा ने बताया कि जिले में नगरीय निकाय चुनाव की तैयारियां निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार तेजी से आगे बढ़ रही हैं। नामांकन, संवीक्षा और नाम वापसी की प्रक्रिया शांतिपूर्ण एवं व्यवस्थित तरीके से पूरी कर ली गई है। अब अंतिम रूप से मैदान में बचे प्रत्याशियों के साथ चुनाव प्रक्रिया अगले चरण में प्रवेश कर गई है। उन्होंने संबंधित अधिकारियों को निर्वाचन प्रक्रिया को निष्पक्ष, पारदर्शी एवं शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न कराने के लिए आवश्यक व्यवस्थाएं सुनिश्चित करने के निर्देश दिए हैं।

मकराना में सबसे अधिक प्रत्याशी
निकायवार अंतिम स्थिति के अनुसार नगर परिषद डीडवाना के 40 वार्डों के लिए 145 उम्मीदवार चुनाव मैदान में हैं। नगर परिषद कुचामन सिटी के 45 वार्डों में 152 उम्मीदवार तथा नगर परिषद मकराना के 60 वार्डों में सर्वाधिक 284 उम्मीदवार चुनाव लड़ रहे हैं।
इसी प्रकार नगरपालिका बोरावड़ के 25 वार्डों में 91 उम्मीदवार, खाटू खुर्द के 20 वार्डों में 69 उम्मीदवार, लाडनूं के 45 वार्डों में 154 उम्मीदवार, नांवा के 25 वार्डों में 93 उम्मीदवार तथा परबतसर के 25 वार्डों में 68 उम्मीदवार अंतिम रूप से चुनाव मैदान में हैं।

1983 नामांकन पत्र हुए थे प्राप्त
जिला निर्वाचन अधिकारी ने बताया कि नामांकन की तीन दिवसीय अवधि में कुल 1983 नामांकन पत्र प्राप्त हुए थे, जिनमें कुल 1572 उम्मीदवार शामिल थे। नामांकन पत्रों की संवीक्षा के दौरान 472 नामांकन पत्र खारिज किए गए। इसके बाद 1511 वैध नामांकन पत्र तथा 1382 वैध उम्मीदवार शेष रहे।

नाम वापसी की निर्धारित अवधि पूरी होने के बाद कुल 326 उम्मीदवारों ने अपने नाम वापस लिए, जिसके परिणामस्वरूप अब जिले के 8 नगरीय निकायों के 285 वार्डों में 1056 प्रत्याशी अंतिम रूप से चुनाव मैदान में डटे हैं।
अब निर्वाचन प्रक्रिया के आगामी चरण के तहत प्रत्याशियों को चुनाव चिह्न आवंटित किए जाएंगे तथा इसके बाद नगरीय निकाय क्षेत्रों में चुनाव प्रचार का दौर और तेज होगा।
