मरहूम कैप्टन अयूब खान की पौत्रियों ज़ारा और अल्फिया खान की कामयाबी पर पिता इमरान खान बोले, बेटियां किसी भी मायने में बेटों से कम नहीं
कुचामन सिटी। शहर के खान मोहल्ला निवासी इमरान खान की बेटियों ज़ारा खान और अल्फिया खान ने एक साथ एमबीबीएस में दाखिला हासिल कर परिवार और कुचामन सिटी का नाम रोशन किया है। दोनों बहनों को जयपुर स्थित जेएनयू मेडिकल कॉलेज एंड हॉस्पिटल में एमबीबीएस की सीट मिली है। इस उपलब्धि से परिवारजनों, रिश्तेदारों और परिचितों में खुशी का माहौल है। सभी ने दोनों बहनों को बधाई देते हुए उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की है।

गौरतलब है कि ज़ारा खान और अल्फिया खान कुचामन की मशहूर और मारूफ शख्सियत रहे मरहूम कैप्टन अयूब खान की पौत्रियां हैं। एक ही परिवार की दोनों बेटियों का एक साथ चिकित्सा शिक्षा के क्षेत्र में कदम बढ़ाना परिवार के लिए गर्व का विषय है। दोनों बहनों की इस कामयाबी को लेकर परिजनों और शुभचिंतकों में खासा उत्साह है।
बेटियां किसी भी मायने में बेटों से कम नहीं : इमरान खान
दोनों बेटियों की कामयाबी पर खुशी जाहिर करते हुए उनके पिता इमरान खान ने कहा कि आज के दौर में बेटियां किसी भी मायने में बेटों से कम नहीं हैं। बेटियां हर क्षेत्र में अपनी प्रतिभा और मेहनत से आगे बढ़ रही हैं। उन्होंने कहा कि उनकी दोनों बेटियों ने एमबीबीएस में दाखिला हासिल कर परिवार को खुशी और गर्व का अवसर दिया है। वे दोनों बेटियों की कामयाबी, तरक्की और उज्ज्वल भविष्य के लिए परवरदिगार से दुआ करते हैं।

एक बेटी कामयाबी हासिल करती है तो पूरा खानदान संवरता है : जावेद खान
दोनों बहनों के चाचा जावेद खान ने कहा कि जब एक बेटी कामयाबी हासिल करती है तो पूरा खानदान संवरता है। हमारे परिवार की दो-दो बेटियों ने उच्च शिक्षा हासिल करने की दिशा में पहला कदम बढ़ाया है, जो पूरे परिवार के लिए गर्व और खुशी की बात है। उन्होंने उम्मीद जताई कि अल्लाह दोनों बेटियों को कामयाब करेगा और वे भविष्य में अपने परिवार के साथ-साथ समाज का नाम भी रोशन करेंगी। उन्होंने कहा कि उन्हें विश्वास है कि दोनों बेटियां आगे चलकर दूसरों के लिए मिसाल बनेंगी।
परिवार और परिचितों ने दी शुभकामनाएं
ज़ारा खान और अल्फिया खान की इस उपलब्धि पर परिवारजनों, रिश्तेदारों और परिचितों ने खुशी जाहिर करते हुए दोनों को मुबारकबाद दी। सभी ने दुआ की कि दोनों बहनें अपनी मेहनत और लगन से चिकित्सा शिक्षा में नई ऊंचाइयां हासिल करें तथा भविष्य में डॉक्टर बनकर समाज की सेवा करें। दोनों बहनों की यह सफलता क्षेत्र की अन्य बेटियों के लिए भी प्रेरणादायक है।
