छत्तीसगढ़ के बिलासपुर में आयोजित 69वीं राष्ट्रीय शालेय क्रीड़ा (सॉफ्टबॉल) प्रतियोगिता में राजस्थान की टीम का प्रतिनिधित्व करते हुए डीडवाना की प्रतिभाशाली खिलाड़ी सादिया सैयद ने कई अहम मुकाबलों में बेहतरीन प्रदर्शन करते हुए अपनी टीम की जीत में निर्णायक भूमिका निभाई और सिल्वर मेडल जीतकर शहर का नाम राष्ट्रीय स्तर पर रोशन किया।
4 से 8 फरवरी तक आयोजित इस प्रतिष्ठित प्रतियोगिता में देशभर के 576 से अधिक बालक-बालिका खिलाड़ियों ने भाग लिया। राजस्थान, गुजरात, मध्यप्रदेश, ओडिशा, आंध्रप्रदेश, मणिपुर, महाराष्ट्र, दिल्ली, हरियाणा सहित कई राज्यों की मजबूत टीमों के बीच मुकाबले बेहद रोमांचक रहे। ऐसे कठिन प्रतिस्पर्धात्मक माहौल में सादिया ने सीबीएसई डब्ल्यूएसओ टीम का प्रतिनिधित्व करते हुए लगातार उत्कृष्ट प्रदर्शन किया।

टूर्नामेंट के कई महत्वपूर्ण मैचों में सादिया ने शानदार फील्डिंग, सटीक थ्रो और प्रभावशाली बल्लेबाजी का प्रदर्शन किया। सेमीफाइनल जैसे अहम मुकाबले में उनके प्रदर्शन ने टीम को मजबूती प्रदान की और फाइनल तक पहुंचाने में बड़ी भूमिका निभाई। पूरे टूर्नामेंट के दौरान उनके आत्मविश्वास और खेल कौशल की सराहना की गई।

सादिया, सैयद आरिफ अली की पुत्री हैं। उन्होंने अंतर्राष्ट्रीय सॉफ्टबॉल कोच सैयद शाकिर अली और मार्गदर्शक सुबोध मिश्रा के निर्देशन में कठोर अभ्यास कर इस सफलता को हासिल किया। खेल के प्रति समर्पण उन्हें अपने दादा स्वर्गीय सैयद नासिर अली से विरासत में मिला, जो स्वयं एक बेहतरीन फुटबॉल खिलाड़ी रहे थे।
सिल्वर मेडल जीतकर डीडवाना लौटने पर सादिया का उत्साहपूर्वक स्वागत किया गया। उनके पिता सैयद मोहम्मद आरिफ, ताऊ सैयद आसिफ अली, सैयद मोहम्मद फारूक, सैयद मोहम्मद सईद, सैयद मोहम्मद आबिद, सैयद जिया अली, सैयद शिफा अली सहित अनेक खेल प्रेमियों ने उनका अभिनंदन किया।

सादिया की यह उपलब्धि न केवल उनके परिवार बल्कि पूरे डीडवाना के लिए गर्व का विषय बन गई है। खेल प्रेमियों का मानना है कि उनका यह प्रदर्शन क्षेत्र की अन्य बालिकाओं को भी खेलों में आगे बढ़ने के लिए प्रेरित करेगा।
