केन्द्रीय बजट 2026 पेश होते ही प्रदेश और स्थानीय राजनीति में प्रतिक्रियाओं का दौर तेज हो गया है। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण द्वारा रविवार को संसद में पेश किए गए बजट को लेकर जहां भाजपा और सरकार से जुड़े जनप्रतिनिधियों ने इसे विकास, कर सुधार, रोजगार और किसान कल्याण को नई गति देने वाला बताया, वहीं कांग्रेस नेताओं ने इसे महंगाई, बेरोजगारी और आम आदमी की समस्याओं से भटका हुआ करार दिया। कुचामन सिटी और डीडवाना क्षेत्र से भी सत्ता पक्ष और विपक्ष की तीखी प्रतिक्रियाएं सामने आई हैं।

सत्ता पक्ष की प्रतिक्रिया: विकास, कर सुधार और जनकल्याण पर जोर
राजस्थान सरकार के राजस्व राज्य मंत्री और नावां विधायक विजय सिंह चौधरी ने बजट का स्वागत करते हुए कहा कि यह बजट “सबका साथ–सबका विकास” की भावना को जमीन पर उतारने वाला है। उन्होंने कहा कि बुनियादी ढांचे, ग्रामीण अर्थव्यवस्था, कृषि सुधार और युवाओं के लिए स्किल डेवलपमेंट पर फोकस देश को आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में मजबूत कदम है।

उन्होंने बताया कि टैक्स नियमों को सरल बनाना, ITR प्रक्रिया को आसान करना, TCS में कमी, Automated TDS Relief Scheme और बिना अफसर के Lower/Nil TDS जैसी व्यवस्थाएं छोटे करदाताओं और व्यापारियों को बड़ी राहत देंगी।
उन्होंने यह भी कहा कि रोजमर्रा के उपयोग में आने वाले कई उत्पाद सस्ते होने से आम आदमी को सीधा फायदा मिलेगा। साथ ही आयुर्वेद चिकित्सा पद्धति को बढ़ावा देने के लिए एम्स की तर्ज पर आयुर्वेद संस्थान खोलने की घोषणा को उन्होंने ऐतिहासिक कदम बताया।
भाजपा नागौर देहात की जिलाध्यक्ष सुनीता माहेश्वरी ने बजट को हर वर्ग के लिए संतुलित और दूरदर्शी बताया। उन्होंने कहा कि शिक्षा, स्वास्थ्य, महिला सशक्तिकरण और रोजगार सृजन से जुड़े प्रावधान आम परिवारों के लिए लाभकारी साबित होंगे। उनके अनुसार हर जिले में बालिका छात्रावास की घोषणा यह दर्शाती है कि केंद्र सरकार महिलाओं की शिक्षा और सुरक्षा को लेकर गंभीर है।

कैंसर, डायबिटीज जैसी गंभीर बीमारियों की दवाइयों पर राहत देना भी आम जनता के लिए बड़ी सौगात है।
उन्होंने कहा कि उद्योग, निर्यात, डेटा सेंटर और क्लाउड सेक्टर को बढ़ावा देने से देश में निवेश बढ़ेगा और युवाओं के लिए नए रोजगार के अवसर पैदा होंगे।
डीडवाना के भाजपा नेता जितेंद्र सिंह जोधा ने भी बजट को जनहितैषी और विकासोन्मुखी बताया। उन्होंने कहा कि यह बजट आम आदमी, छोटे करदाताओं, व्यापारियों और युवाओं को केंद्र में रखकर तैयार किया गया है।

टैक्स सिस्टम में पारदर्शिता, नए आयकर कानून और डिजिटल प्रक्रियाओं से करदाताओं का भरोसा मजबूत होगा। उन्होंने कहा कि यह बजट आत्मनिर्भर भारत की दिशा में मजबूत कदम है और प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में देश की अर्थव्यवस्था को नई ऊंचाइयों तक ले जाने वाला साबित होगा।
विपक्ष का हमला: महंगाई, बेरोजगारी और आम आदमी की अनदेखी का आरोप
कांग्रेस नेता और पूर्व उप मुख्य सचेतक, पूर्व विधायक महेंद्र चौधरी ने बजट को निराशाजनक बताते हुए कहा कि इसमें आम आदमी की जेब को राहत देने के ठोस उपाय नजर नहीं आते।

उन्होंने आरोप लगाया कि बढ़ती महंगाई, किसानों की लागत और बेरोजगार युवाओं की समस्याओं पर सरकार ने अपेक्षित ध्यान नहीं दिया। उनके अनुसार यह बजट बड़े उद्योगों को प्राथमिकता देता दिखता है, जबकि मध्यम और गरीब वर्ग की उम्मीदें अधूरी रह गईं।
प्रदेश महिला कांग्रेस अध्यक्ष सारिका सिंह चौधरी ने कहा कि बजट महिला और सामाजिक कल्याण के मोर्चे पर कमजोर है। उन्होंने आरोप लगाया कि महिलाओं की सुरक्षा, रोजगार और स्वास्थ्य से जुड़े मुद्दों पर बड़े ऐलान होने चाहिए थे, लेकिन बजट में केवल आंकड़ों का खेल दिखाई देता है।

उन्होंने कहा कि महिलाओं को आधी आबादी कहा जाता है, लेकिन बजट में महिलाओं के लिए सीमित प्रावधान सरकार की प्राथमिकताओं पर सवाल खड़े करते हैं।
डीडवाना के पूर्व विधायक चेतन डूडी ने भी बजट पर प्रतिक्रिया देते हुए केंद्र सरकार पर कड़ा हमला बोला। उन्होंने कहा कि यह बजट जमीन से जुड़ी समस्याओं का समाधान नहीं करता। किसानों को उनकी उपज का सही दाम, युवाओं को स्थायी रोजगार और आम आदमी को महंगाई से राहत देने के ठोस प्रावधान इसमें नजर नहीं आते।

उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार सिर्फ बड़े प्रोजेक्ट्स और आंकड़ों के जरिए विकास का भ्रम पैदा कर रही है, जबकि वास्तविक समस्याएं जस की तस बनी हुई हैं।
सियासी माहौल गरम, बहस और तेज होने के आसार
कुल मिलाकर बजट 2026 को लेकर कुचामन सिटी और डीडवाना क्षेत्र में भी सियासी घमासान तेज हो गया है। सत्ता पक्ष इसे विकास, कर सुधार और जनकल्याण का मजबूत रोडमैप बता रहा है,

वहीं विपक्ष इसे आम जनता की उम्मीदों पर खरा न उतरने वाला करार दे रहा है। आने वाले दिनों में बजट को लेकर राजनीतिक बहस और जनचर्चा और तेज होने की संभावना जताई जा रही है।
