कुचामन निलंबन पर डोटासरा का तीखा वार: लोकतंत्र की हत्या और भाजपा की दलित विरोधी मानसिकता का प्रमाण

कुचामन निलंबन पर डोटासरा का तीखा वार: लोकतंत्र की हत्या और भाजपा की दलित विरोधी मानसिकता का प्रमाण

कुचामन नगर परिषद के सभापति आसिफ खान और उपसभापति हेमराज चावला के निलंबन को लेकर अब प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष और दिग्गज नेता गोविंद सिंह डोटासरा ने भाजपा सरकार पर सीधा हमला बोला है। डोटासरा ने सोशल मीडिया पर पोस्ट करते हुए इसे लोकतंत्र की “खुली हत्या” करार दिया और कहा कि भाजपा सरकार बनने के बाद से राजनीतिक दुश्मनी के आधार पर लगातार कार्रवाई की जा रही है।

डोटासरा ने लिखा कि यह फैसला जनता की आवाज को कुचलने और लोकतांत्रिक व्यवस्था पर हमला करने जैसा है। उन्होंने आरोप लगाया कि भाजपा नेता सत्ता के अहंकार में चुन-चुनकर जनप्रतिनिधियों को निशाना बना रहे हैं।

दलित और आदिवासी विरोधी मानसिकता का आरोप

डोटासरा ने भाजपा पर दलित और आदिवासी विरोधी मानसिकता का भी आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि हाल ही में नावां नगर पालिका की दलित महिला चेयरमैन को स्वतंत्रता दिवस जैसे राष्ट्रीय पर्व से अलग रखा गया और अब कुचामन के दलित उपसभापति हेमराज चावला को निलंबित कर दिया गया। यह भाजपा की दमनकारी और भेदभावपूर्ण नीति को उजागर करता है।

जनता से भाजपा की तानाशाही के खिलाफ खड़े होने का आह्वान

प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष ने अपनी पोस्ट में जनता से अपील करते हुए कहा कि अब समय आ गया है जब लोकतंत्र की रक्षा के लिए भाजपा की तानाशाही नीतियों के खिलाफ सामने आना होगा। उन्होंने कहा कि भाजपा सरकार के कदम लोकतांत्रिक मूल्यों को चोट पहुंचा रहे हैं और जनता की चुनी हुई आवाज़ को दबाने का प्रयास कर रहे हैं।

सियासत में बढ़ा घमासान

डोटासरा के इस बयान ने कुचामन नगर परिषद के निलंबन विवाद को और ज्यादा सियासी रंग दे दिया है। पहले से गरमाई कांग्रेस और भाजपा की जंग अब प्रदेश स्तर तक पहुंच चुकी है, जहां कांग्रेस इसे लोकतंत्र और दलित प्रतिनिधित्व पर हमला बता रही है, वहीं भाजपा इसे भ्रष्टाचार के खिलाफ सख्त कार्रवाई करार दे रही है।

error: News 1 Rajasthan